चीन-पाक को फ्रांस की खरी-खरी, कहा- भारत को सर्जिकल स्ट्राइक का है अधिकार

चीन-पाक को फ्रांस की खरी-खरी, कहा- भारत को सर्जिकल स्ट्राइक का है अधिकार

नई दिल्ली(पीटीआई)। आतंकी संगठनों लश्कर और जमात-उत दावा के खिलाफ फ्रांस ने निर्णायक लड़ने पर जोर दिया है। फ्रांस के विदेश मंत्री जीन मार्क रॉल्ट ने चीन का नाम लिए बगैर कहा कि जिस तरह से कुछ देश मसूद अजहर को आतंकी करार देने के प्रस्ताव पर रोड़े अटका रहें हैं वो सही नहीं है।

उन्होंने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में फ्रांस पूरी तरह से भारत के साथ है। आतंकवाद के मुद्दे पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय को एक जैसी भूमिका में रहना चाहिए। आतंकवाद के खिलाफ दोहरा मानदंड नहीं अपनाया जा सकता है। जीन मार्क ने कहा कि ये हास्यास्पद है कि हम आतंकवाद को अपने अपने ढंग से व्याख्या करें।

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पिछले साल सितंबर में भारत द्वारा पाकिस्तान के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक पर फ्रांस के विदेश मंत्री ने कहा कि हर एक देश को अपनी रक्षा करने का अधिकार है। भारत में होने वाले आतंकी वारदातों को लेकर फ्रांस हमेशा फिक्रमंद रहा है। पाकिस्तान का नाम लिए बगैर उन्होंने कहा कि कोई भी देश जहां आतंकियों को पालापोसा जा रहा है निंदनीय है। ऐसे देशों को आतंकी संगठनों और आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि लश्कर और जमात उत दावा के खिलाफ फ्रांस प्रभावी कार्रवाई होते हुए देखना चाहता है। जीन मार्क ने कहा कि जैश का नाम पहले से आतंकी संगठनों की सूची में दर्ज है, लिहाजा उसका स्वाभाविक तौर पर आतंकी है। उसे साबित करने के सिए किसी प्रमाण पत्र की जरूरत नहीं है।

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